भोपाल। मध्यप्रदेश के 2,790 होमगार्ड जवानों के लिए राहत भरी खबर है। राज्य सरकार ने वर्ष 2018 की विशेष भर्ती में चयनित उन जवानों को गृह जिले में पदस्थापना का अवसर देने का फैसला किया है, जिन्हें स्थानीय स्तर पर पद रिक्त नहीं होने के कारण दूसरे जिलों में तैनात किया गया था। इसके लिए मध्यप्रदेश होमगार्ड नियम, 2016 के प्रावधानों में एकमुश्त विशेष छूट को मंजूरी दी गई है। पात्र जवान निर्धारित समय-सीमा में ऑनलाइन आवेदन कर अपने पहले चयनित जिले में वापसी की मांग कर सकेंगे।
आठ साल से गृह जिले में वापसी का इंतजार
दरअसल, वर्ष 2018 में विशेष भर्ती के तहत प्रदेश के 2,790 होमगार्ड जवानों का चयन किया गया था। उस समय गृह जिलों में पद रिक्त नहीं होने के कारण उन्हें अन्य जिलों में पदस्थ करना पड़ा था। इसके चलते कई जवानों को लंबे समय से अपने परिवार और घर से दूर रहकर सेवाएं देनी पड़ रही थीं। गृह जिले में वापसी की उनकी मांग पर विचार करते हुए राज्य सरकार ने नियमों में विशेष छूट देने का निर्णय लिया है।
रिक्त पदों के आधार पर होगा स्थानांतरण
सरकार की मंजूरी के बाद पात्र जवान ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। हालांकि, गृह जिले में वापसी का अवसर मिलने का अर्थ यह नहीं है कि सभी आवेदकों का स्थानांतरण अनिवार्य रूप से हो जाएगा। संबंधित जिला इकाइयों में उपलब्ध रिक्त पदों और निर्धारित पात्रता शर्तों के आधार पर ही पदस्थापना की जाएगी।
डीजी होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा प्रज्ञा ऋचा श्रीवास्तव ने बताया कि वर्ष 2018 में भर्ती के दौरान गृह जिलों में पद खाली नहीं होने के कारण जवानों को दूसरे जिलों में तैनात किया गया था। अब शासन से विशेष छूट मिलने के बाद उन्हें अपने पहले चयनित जिले में लौटने का अवसर मिलेगा।
परिवार के करीब रहने से बढ़ेगा मनोबल
इस फैसले से लंबे समय से गृह जिले से दूर रहकर ड्यूटी कर रहे जवानों को राहत मिलने की उम्मीद है। परिवार के नजदीक पदस्थापना मिलने से वे अपनी पारिवारिक जिम्मेदारियां बेहतर ढंग से निभा सकेंगे। साथ ही इससे जवानों के मनोबल और कार्यक्षमता में भी सकारात्मक सुधार आने की संभावना है।
होमगार्ड जवानों ने जताया आभार
शासन के इस फैसले का होमगार्ड संगठन और जवानों ने स्वागत किया है। जवानों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश सरकार के प्रति आभार जताते हुए इसे लंबे समय से चली आ रही मांग की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय बताया है। अब पात्र जवानों को आवेदन प्रक्रिया शुरू होने और स्थानांतरण संबंधी आगामी निर्देशों का इंतजार है।


