फूड स्टैम्प, मेडिकेड और हाउसिंग सहायता लेने वाले आवेदकों की होगी कड़ी जांच, 20 जुलाई से नई नीति लागू होने की तैयारी
वॉशिंगटन। अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन एक बार फिर ‘पब्लिक चार्ज (Public Charge)’ नियम लागू करने की तैयारी में है। इस नीति के तहत उन अप्रवासियों (Immigrants) को ग्रीन कार्ड देने से इनकार किया जा सकता है, जो सरकारी कल्याणकारी योजनाओं जैसे फूड स्टैम्प, मेडिकेड (स्वास्थ्य सुविधा) और हाउसिंग वाउचर का लाभ लेते हैं।
यह प्रस्ताव गुरुवार को फेडरल रजिस्टर में दर्ज किया गया है और 20 जुलाई को औपचारिक रूप से प्रकाशित किया जाएगा। इसके बाद इसे लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
पहले ट्रंप ने लागू किया, बाइडन ने हटाया
‘पब्लिक चार्ज’ नियम पहली बार फरवरी 2020 में ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान लागू किया गया था। इसका उद्देश्य ऐसे प्रवासियों के स्थायी निवास (ग्रीन कार्ड) पर रोक लगाना था, जो सरकारी सहायता योजनाओं पर निर्भर हो सकते हैं।
हालांकि, जो बाइडन प्रशासन ने सत्ता में आने के बाद इस नीति को वापस ले लिया था। अब ट्रंप प्रशासन इसे फिर से लागू कर कानूनी और अवैध दोनों तरह के अप्रवासियों पर सख्त निगरानी की दिशा में कदम बढ़ा रहा है।
आत्मनिर्भरता को मिलेगा बढ़ावा
अमेरिकी नागरिकता एवं आव्रजन सेवा (USCIS) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि नई नीति का उद्देश्य प्रवासियों में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना और करदाताओं के संसाधनों की सुरक्षा करना है।
USCIS के अनुसार, ग्रीन कार्ड के आवेदकों को यह साबित करना होगा कि वे अमेरिका पर आर्थिक बोझ यानी ‘पब्लिक चार्ज’ नहीं बनेंगे और अपने खर्च स्वयं वहन करने में सक्षम हैं।
बढ़ती महंगाई के बीच आया फैसला
यह फैसला ऐसे समय में सामने आया है, जब अमेरिका में स्वास्थ्य सेवाओं, आवास और खाद्य पदार्थों की लागत लगातार बढ़ रही है। माना जा रहा है कि नई नीति का असर उन अप्रवासियों पर सबसे अधिक पड़ेगा, जो सरकारी सहायता योजनाओं पर निर्भर हैं।


