भोपाल। भोपाल की बहुचर्चित लव जिहाद, जबरन धर्मांतरण और दुष्कर्म मामले की मुख्य पीड़िता की संदिग्ध मौत ने नया मोड़ ले लिया है। गुरुवार रात से लापता 18 वर्षीय युवती का शव शुक्रवार सुबह वीआईपी रोड स्थित बड़े तालाब में तैरता मिला।
प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृतका के शरीर पर चोटों के निशान पाए गए हैं, जो मृत्यु से ठीक पहले लगी होने की संभावना जताते हैं। परिजनों और अधिवक्ता का कहना है कि यह एक साजिशन हत्या हो सकती है, क्योंकि युवती केस और गवाही से पीछे नहीं हट रही थी।
घटना की पृष्ठभूमि
बैरागढ़ क्षेत्र की युवती ने अप्रैल 2025 में श्यामला हिल्स थाने में दुष्कर्म और जबरन धर्मांतरण की शिकायत दर्ज कराई थी। मामले में शाहरुख, जावेद उर्फ भय्यू, फैजान और जोया आरोपी बनाए गए थे। आरोपियों का संबंध कथित रूप से हिंदू युवतियों को फंसाने वाले संगठित गिरोह से बताया गया है।
युवती न केवल अपने केस की पैरवी कर रही थी, बल्कि एक अन्य पीड़िता के मामले में भी मुख्य गवाह थी। परिजनों के अनुसार, जेल में बंद आरोपियों के सहयोगियों ने उस पर केस वापस लेने और समझौता करने का दबाव बनाया था और जान से मारने की धमकियां दी थीं।
जांच का रुख
पुलिस ने बताया कि मौत की असली वजह अंतिम पोस्टमार्टम और फोरेंसिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी। परिजनों ने उच्च स्तरीय, निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है।


