लाल परेड ग्राउंड पर शाम 6.30 बजे होगा मुख्य समारोह, तीन दिन तक चलेंगे सांस्कृतिक और विकास आधारित आयोजन
भोपाल। Madhya Pradesh Foundation Day: मध्यप्रदेश का 71वां स्थापना दिवस रविवार को राजधानी भोपाल में धूमधाम से मनाया जाएगा। इस अवसर पर लाल परेड ग्राउंड में शाम 6.30 बजे राज्यस्तरीय मुख्य समारोह आयोजित होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे। समारोह का प्रमुख आकर्षण राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार विजेता गायिका मोनाली ठाकुर की संगीत प्रस्तुति होगी। स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में तीन दिन तक सांस्कृतिक, मनोरंजक और विकास आधारित कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
इस वर्ष स्थापना दिवस समारोह की थीम ‘विरासत से विकास के पथ की ओर अग्रसर प्रदेश’ रखी गई है। इसके माध्यम से मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक विरासत, जनजातीय परंपराओं, कृषि नवाचारों, विकास कार्यों और महिला उद्यमिता को प्रदर्शित किया जाएगा। आम नागरिकों को समारोह में शामिल होने के लिए किसी प्रवेश पत्र या पास की आवश्यकता नहीं होगी। विद्यार्थियों के लिए विशेष स्टूडेंट ब्लॉक बनाया गया है, जहां संस्थान का पहचान पत्र दिखाकर प्रवेश मिलेगा।
मोनाली ठाकुर के गीतों से सजेगी पहली शाम
मुख्य समारोह का खास आकर्षण पार्श्व गायिका मोनाली ठाकुर की प्रस्तुति होगी। वे मुंबई से आए साथी कलाकारों के साथ सुगम संगीत पेश करेंगी। मोनाली ठाकुर ‘लुटेरा’ फिल्म के लोकप्रिय गीत ‘सवार लूं’ और ‘दम लगा के हईशा’ के ‘मोह मोह के धागे’ के लिए जानी जाती हैं। कार्यक्रम में 71 बच्चे सामूहिक रूप से राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ का गायन करेंगे। इसके बाद मध्यप्रदेश पुलिस बैंड राष्ट्रगान की प्रस्तुति देगा। समारोह का समापन आतिशबाजी के साथ होगा।
102 मेधावी विद्यार्थियों को मिलेगी एक-एक लाख की छात्रवृत्ति
स्थापना दिवस समारोह में मुख्यमंत्री प्रदेश के 102 मेधावी विद्यार्थियों को भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति प्रदान करेंगे। प्रत्येक विद्यार्थी को एक लाख रुपये की सम्मान राशि और प्रशस्ति-पत्र दिया जाएगा। श्रीकृष्ण पाथेय न्यास की इस योजना के तहत प्रदेश के विभिन्न जिलों से विद्यार्थियों का चयन किया गया है। खंडवा जिले से सर्वाधिक छह विद्यार्थियों का चयन हुआ है। वहीं अशोकनगर, बड़वानी, नर्मदापुरम, सिवनी, सिंगरौली और उमरिया से चार-चार विद्यार्थी चुने गए हैं।
165 किसानों को मिलेंगे ट्रैक्टर, बुलेट और ई-स्कूटर
किसानों के लिए आयोजित ‘किसान कल्याण स्वाभिमान पर्व क्विज’ के 165 विजेताओं को भी मुख्यमंत्री पुरस्कृत करेंगे। ऑनलाइन आयोजित इस प्रतियोगिता में प्रदेश के करीब 40 हजार किसानों ने हिस्सा लिया था। चयनित विजेताओं को 55 ट्रैक्टर, 55 बुलेट मोटरसाइकिल और 55 ई-स्कूटर दिए जाएंगे। प्रत्येक जिले से तीन विजेताओं का चयन किया गया है। भोपाल के विजेताओं को मुख्यमंत्री स्वयं पुरस्कार देंगे, जबकि अन्य जिलों में प्रभारी मंत्री पुरस्कार वितरित करेंगे।
160 चित्रों में दिखेगा राजा भोज का भोपाल
लाल परेड ग्राउंड पर प्रदेश की संस्कृति, विकास और उपलब्धियों को प्रदर्शित करने के लिए विभिन्न प्रदर्शनियां लगाई जाएंगी। महाराजा विक्रमादित्य शोध पीठ की ओर से तैयार ‘राजा भोज का भोपाल’ विषय पर 160 जलरंग चित्रों की प्रदर्शनी आकर्षण का केंद्र रहेगी।
आधुनिक कृषि प्रदर्शनी में उन्नत बीज, जैविक कृषि सामग्री, स्मार्ट सिंचाई तकनीक और कृषि क्षेत्र के नवाचारों को प्रदर्शित किया जाएगा। महिला उद्यमिता मंडप और किसान बाजार में स्व-सहायता समूहों के उत्पाद तथा हस्तशिल्प बिक्री के लिए उपलब्ध रहेंगे।
मालवा से बुंदेलखंड तक के व्यंजनों का स्वाद
स्थापना दिवस समारोह में देशज व्यंजन मेले का भी आयोजन होगा। इसमें मालवा, निमाड़, बुंदेलखंड, बघेलखंड और महाकौशल के पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद मिलेगा। मेला प्रतिदिन दोपहर 12 बजे से रात 8 बजे तक चलेगा। इसके अलावा हस्तशिल्प और विकास प्रदर्शनियों के माध्यम से प्रदेश की विविधता और उपलब्धियों को सामने रखा जाएगा।
400 से अधिक कलाकारों ने निकाली सांस्कृतिक गौरव यात्रा
स्थापना दिवस समारोह के पूर्वरंग के तहत शनिवार को भोपाल में 400 से अधिक लोक एवं जनजातीय कलाकारों ने सांस्कृतिक गौरव यात्राएं निकालीं। पहली यात्रा ज्योति टॉकीज से शुरू होकर बोर्ड ऑफिस चौराहा, 10 नंबर मार्केट, शाहपुरा लेक, कोलार रोड, नेहरू नगर और नीलबड़ होते हुए रातीबड़ पहुंची। दूसरी यात्रा बैरसिया से शुरू होकर नादरा बस स्टैंड, अशोका गार्डन, गोविंदपुरा, पिपलानी और अयोध्या नगर होते हुए आनंद नगर में संपन्न हुई।
इन यात्राओं में गोंड, बैगा, भील, कोरकू, सहरिया और भारिया सहित विभिन्न जनजातीय समुदायों के कलाकारों ने अपनी पारंपरिक कला का प्रदर्शन किया। करमा, सैला, भगोरिया, मटकी, घूमर, भांगड़ा, पंथी और लेझिम जैसे लोकनृत्यों ने राजधानी की सड़कों को सांस्कृतिक रंगों से सराबोर कर दिया।


