5.50 करोड़ से अधिक के सोने-चांदी के जेवर बरामद
रतलाम/भोपाल। रतलाम में सराफा व्यापारी से हुई करोड़ों रुपये की लूट का पुलिस ने महज 48 घंटे में खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से लूटे गए 5 करोड़ 50 लाख रुपये से अधिक कीमत के सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए गए हैं। पुलिस ने वारदात की कड़ियां जोड़ने के लिए 300 से अधिक CCTV कैमरों के फुटेज, साइबर तकनीकी साक्ष्यों और पारंपरिक पुलिसिंग का इस्तेमाल किया।
बस में सवार होकर व्यापारी से छीना था जेवरों से भरा बैग
घटना 13 अगस्त 2026 की रात थाना बिलपांक क्षेत्र के हनुमान चौकी, उमरथाना फंटा के पास हुई थी। रतलाम के जैन कॉलोनी निवासी अर्पित पिता ललित कुमार चोरड़िया गणेश मार्केट, चांदनी चौक में सोने-चांदी के आभूषणों का कारोबार करते हैं। उनका बड़नगर के व्यापारियों के साथ भी व्यापारिक लेन-देन है।
13 अगस्त को व्यापारी व्यापारिक काम से बड़नगर गया था। वहां अलग-अलग व्यापारियों को सोने के आभूषण बेचने के बाद वह रात की बस से रतलाम लौट रहा था। बस के हनुमान चौकी, उमरथाना फंटा क्षेत्र में पहुंचने पर बड़नगर से बस में सवार हुए दो व्यक्ति व्यापारी के पास पहुंचे और उसका बैग छीनने का प्रयास किया।
व्यापारी ने बैग पकड़कर विरोध किया और शोर मचाया। इसके बाद अन्य आरोपियों ने उसके साथ मारपीट कर बैग छीन लिया और फरार हो गए। बैग में बड़ी मात्रा में सोने-चांदी के आभूषण, नकदी और जरूरी दस्तावेज रखे थे। शिकायत पर बिलपांक थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
300 से ज्यादा CCTV फुटेज खंगाले
वारदात की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक उज्जैन जोन राकेश गुप्ता के निर्देशन में, पुलिस उप महानिरीक्षक रतलाम रेंज निमिष अग्रवाल और पुलिस अधीक्षक रतलाम अमित कुमार के नेतृत्व में अलग-अलग पुलिस टीमों का गठन किया गया।
पुलिस टीमों ने घटनास्थल से लेकर बड़नगर तक विभिन्न मार्गों पर लगे 300 से अधिक CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। इसके साथ ही फरियादी, बस चालक, परिचालक और क्लीनर से पूछताछ कर महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई गई। घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों से भौतिक साक्ष्य भी एकत्र किए गए।
साइबर साक्ष्यों से संदिग्धों तक पहुंची पुलिस
जांच में साइबर सेल ने तकनीकी और डिजिटल साक्ष्यों का बारीकी से विश्लेषण किया। संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों और उनके आपसी संपर्कों की जानकारी जुटाई गई। CCTV फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और मैदानी जांच से मिली जानकारी को जोड़कर पुलिस आरोपियों तक पहुंची।
15 अगस्त 2026 को पुलिस को सूचना मिली कि वारदात में शामिल आरोपी हिम्मतगढ़ पहाड़ी क्षेत्र में मौजूद हैं और लूट का सामान भी उनके पास है। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस टीमों ने घेराबंदी कर 6 संदिग्धों को हिरासत में लिया।
8.214 किलो सोने-चांदी के जेवर बरामद
पूछताछ में आरोपियों ने वारदात में शामिल होना स्वीकार किया। पुलिस ने उनके कब्जे से:
238 नग सोने के जेवर, वजन 4.167 किलोग्राम
183 नग चांदी के जेवर, वजन 4.047 किलोग्राम
कुल 421 नग सोने-चांदी के आभूषण
कुल वजन 8.214 किलोग्राम
लगभग 5 करोड़ 50 लाख रुपये की संपत्ति
बरामद की है।
पुलिस के अनुसार मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है।
CCTV, साइबर जांच और मैदानी पुलिसिंग से मिली सफलता
रतलाम पुलिस की कार्रवाई में आधुनिक तकनीक और पारंपरिक पुलिसिंग का प्रभावी इस्तेमाल किया गया। CCTV फुटेज के व्यापक विश्लेषण, साइबर एवं तकनीकी साक्ष्यों, भौतिक साक्ष्यों और संदिग्धों की गतिविधियों की निगरानी से जांच को आगे बढ़ाया गया।
पुलिस की सुनियोजित कार्रवाई के चलते वारदात के महज 48 घंटे के भीतर 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर करोड़ों रुपये का लूटा गया माल बरामद किया गया। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और पुलिस उनके अन्य आपराधिक मामलों से जुड़े होने की भी जांच कर रही है।


