100 दिन सक्रिय रहा मानसून, सामान्य से 4% कम बारिश; 25 जिलों में कोटा पूरा, 30 जिले अब भी सामान्य से पीछे
भोपाल। Madhya Pradesh Weather: मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई हो गई है। इसके साथ ही प्रदेश में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। अब दिन में गर्मी और उमस, जबकि रात में हल्की ठंडक का असर बढ़ेगा। मौसम विज्ञानियों के अनुसार आने वाले दिनों में ज्यादातर शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच सकता है।
प्रदेश में इस साल मानसून 24 जून को दाखिल हुआ था और 3 अक्टूबर तक सक्रिय रहा। इस तरह करीब 100 दिन तक मानसूनी गतिविधियां प्रदेश में बनी रहीं। इस दौरान मध्य प्रदेश में करीब 35.8 इंच यानी 908.4 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से लगभग 4 प्रतिशत कम है।
24 जून को आया, नौ दिन में पूरे प्रदेश में पहुंचा
मध्य प्रदेश में मानसून ने 24 जून को दस्तक दी और महज नौ दिन में पूरे प्रदेश को कवर कर लिया था। जून में छह दिन, जुलाई में 31, अगस्त में 31, सितंबर में 30 और अक्टूबर में दो दिन मानसूनी गतिविधियां दर्ज की गईं। हालांकि मौसम विभाग के अनुसार आधिकारिक मानसूनी सीजन 1 जून से 30 सितंबर तक माना जाता है।
पूर्वी एमपी में ज्यादा, पश्चिमी हिस्से में कम बारिश
मानसून के दौरान पूर्वी मध्य प्रदेश के जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में सामान्य से करीब 4 प्रतिशत अधिक बारिश हुई। हालांकि बालाघाट, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सागर और सिवनी में सामान्य से 5 से 21 प्रतिशत तक कम बारिश दर्ज की गई।
पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश की स्थिति अपेक्षाकृत कमजोर रही। आलीराजपुर, अशोकनगर, बड़वानी, बैतूल, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा में सामान्य से 9 से 51 प्रतिशत तक कम बारिश हुई।
25 जिलों में सामान्य से ज्यादा बारिश
प्रदेश के 25 जिलों में मानसून सामान्य बारिश का आंकड़ा पार कर गया। इनमें भोपाल, राजगढ़, बुरहानपुर, खरगोन, कटनी, मंडला, डिंडोरी, ग्वालियर, गुना, दतिया, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर, आगर-मालवा, भिंड, श्योपुर, सिंगरौली, सीधी, सतना, मऊगंज, शहडोल, उमरिया और अनूपपुर शामिल हैं।
वहीं 30 जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज हुई। इनमें नरसिंहपुर, दमोह, बालाघाट, अशोकनगर, मुरैना, मंदसौर, खंडवा, बड़वानी, नीमच, जबलपुर, रीवा, सागर, देवास, सिवनी, सीहोर, शिवपुरी, रायसेन, छिंदवाड़ा, विदिशा, शाजापुर, पांढुर्णा, इंदौर, उज्जैन, बैतूल, हरदा, नर्मदापुरम, रतलाम, झाबुआ, धार और आलीराजपुर शामिल हैं।
तीन दिन तेज धूप, फिर पूर्वी एमपी में बारिश
मानसून की विदाई के बाद 4, 5 और 6 अक्टूबर को प्रदेश में बारिश की संभावना नहीं है। इस दौरान धूप निकलने से दिन के तापमान में बढ़ोतरी हो सकती है। इसके बाद 7 अक्टूबर को पूर्वी मध्य प्रदेश के कई जिलों में हल्की बारिश के आसार हैं। पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, डिंडोरी और अनूपपुर में बारिश हो सकती है। 8 और 9 अक्टूबर को भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने की संभावना है।
दिन में गर्मी, रात में बढ़ेगी ठंडक
मौसम विशेषज्ञ अरुण शर्मा के मुताबिक मानसून की विदाई के साथ प्रदेश में मौसम एक नए चरण में प्रवेश कर गया है। अब दिन में गर्मी और रात में ठंडक का असर धीरे-धीरे बढ़ेगा। ज्यादातर शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री से नीचे जाने की संभावना है। अक्टूबर में अगस्त-सितंबर की तरह लगातार बारिश का दौर नहीं रहेगा, हालांकि पूर्वी मध्य प्रदेश सहित कुछ इलाकों में हल्की या रिमझिम बारिश होती रह सकती है।


