भोपाल। Opposition within BJP over Bhopal Master Plan draft: भोपाल के मास्टर प्लान के प्रस्तावित प्रारूप और विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन को लेकर भाजपा नेताओं ने अपनी ही पार्टी की बैठक में सवाल उठाए। प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर तिवारी की मौजूदगी में शनिवार को प्रदेश भाजपा मुख्यालय में हुई भोपाल जिला कोर ग्रुप की बैठक में मास्टर प्लान के ड्राफ्ट को लेकर नाराजगी सामने आई। पूर्व विधायक ध्रुवनारायण सिंह ने इसे पूरी तरह निरस्त करने की मांग की, जबकि सांसद आलोक शर्मा ने पिछले परिसीमन की खामियों का मुद्दा उठाते हुए आगामी परिसीमन में सावधानी बरतने पर जोर दिया।
मास्टर प्लान पर ध्रुवनारायण सिंह ने जताई नाराजगी
बैठक में मध्य विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक ध्रुवनारायण सिंह ने भोपाल मास्टर प्लान के ड्राफ्ट पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित प्रारूप से शहर के लोगों और व्यापारियों में नाराजगी है। ऐसे में इसमें सुधार भर करने के बजाय पूरे ड्राफ्ट को निरस्त किया जाना चाहिए।
मास्टर प्लान को लेकर भाजपा नेताओं की बैठक में उठे सवालों से स्पष्ट है कि शहर के विकास और व्यावसायिक हितों से जुड़े इस मुद्दे पर पार्टी के भीतर भी असंतोष है।
परिसीमन में खामियों से दो सीटें कांग्रेस के खाते में जाने की बात
बैठक में आगामी विधानसभा परिसीमन को लेकर भी चर्चा हुई। भोपाल सांसद आलोक शर्मा ने पिछले परिसीमन की खामियों का उल्लेख करते हुए कहा कि इसके कारण भोपाल की दो विधानसभा सीटें कांग्रेस के खाते में चली गईं। उन्होंने आगामी परिसीमन में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत बताई। बैठक में मौजूद अन्य नेताओं ने भी इस विषय पर अपने सुझाव रखे।
परिसीमन को लेकर चर्चा के दौरान ध्रुवनारायण सिंह ने मुस्लिम बहुल इलाकों को एक विधानसभा क्षेत्र में शामिल करने और अनुसूचित जाति की बहुलता वाले क्षेत्रों को भी उसमें जोड़ने का सुझाव दिया, ताकि संबंधित विधानसभा सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित हो सके। उन्होंने इस प्रक्रिया में तकनीकी और कानूनी प्रावधानों का ध्यान रखने की बात भी कही।
संगठन की मजबूती और जनसंपर्क पर जोर
प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर तिवारी ने भोपाल और रायसेन जिले की कोर ग्रुप एवं जिला स्तरीय बैठकों को संबोधित करते हुए संगठन को मजबूत बनाने और जनसंपर्क बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी की व्यापकता और जनता के बीच विश्वास बढ़ाने के लिए सभी स्तरों पर सक्रियता जरूरी है।
उन्होंने नियमित संगठनात्मक प्रवास, प्रभावी जनसंपर्क और आपसी समन्वय के जरिए पार्टी की ताकत बढ़ाने की बात कही। साथ ही कार्यकर्ताओं से जनता की समस्याओं को समझने और सेवा कार्यों के माध्यम से लोगों का विश्वास अर्जित करने की अपील की।
बूथ स्तर पर सक्रियता बढ़ाने के निर्देश
चंद्रशेखर तिवारी ने कहा कि भाजपा की ताकत उसके समर्पित कार्यकर्ताओं में है। संगठन का विस्तार केवल औपचारिक कार्यक्रमों से नहीं, बल्कि जनता के बीच निरंतर उपस्थिति, बेहतर समन्वय और सेवा के प्रति प्रतिबद्धता से होता है।
उन्होंने बूथ स्तर पर कार्यकर्ताओं की सक्रियता बढ़ाने और समाज के विभिन्न वर्गों से संवाद स्थापित करने को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। जिला अध्यक्षों से संगठनात्मक कार्यक्रमों की प्रगति की जानकारी लेते हुए नियमित बैठकों, जनसंपर्क गतिविधियों और संगठनात्मक प्रवास की समीक्षा पर भी जोर दिया।


