नागपुर से कुबेरेश्वर धाम दर्शन के लिए निकले थे श्रद्धालु
बैतूल। मध्यप्रदेश के बैतूल जिले में शनिवार तड़के श्रद्धालुओं की यात्रा उस समय मातम में बदल गई, जब मुलताई फोरलेन पर तेज रफ्तार कार सड़क किनारे खड़े ट्रक में जा घुसी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और उसके कई हिस्से सड़क पर बिखर गए। हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि नौ लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। कार में सवार सभी लोग महाराष्ट्र के नागपुर के पास बुट्टी बोरी क्षेत्र के रहने वाले थे और सीहोर स्थित कुबेरेश्वर धाम दर्शन के लिए जा रहे थे।
कुबेरेश्वर धाम की यात्रा मातम में बदली
पुलिस के अनुसार, कार में सवार श्रद्धालुओं का समूह नागपुर के बुट्टी बोरी क्षेत्र से सीहोर के कुबेरेश्वर धाम के लिए रवाना हुआ था। शनिवार तड़के मुलताई फोरलेन पर जीतू ढाबे के पास कार अचानक अनियंत्रित हुई और सड़क किनारे खड़े ट्रक से जा टकराई।
प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि लंबी यात्रा के दौरान चालक को नींद की झपकी आने से कार अनियंत्रित हुई होगी। हालांकि, पुलिस का कहना है कि दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता विस्तृत जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।
टक्कर इतनी भीषण कि कार के हिस्से दूर जा गिरे
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार की रफ्तार काफी तेज थी। ट्रक से टकराते ही कार का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। टक्कर की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि कार का अगला पहिया अलग होकर दूर जा गिरा।
कार की सामने वाली सीट पीछे की ओर खिसक गई, जबकि छत भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे के बाद आसपास के लोगों ने तेज आवाज सुनी तो वे मौके पर पहुंचे और कार में फंसे लोगों को बाहर निकालने में मदद की।
पुलिस के अनुसार, कार के मध्य हिस्से में बैठे दो यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई थी।
तीन की मौत, मृतकों में पति-पत्नी भी
हादसे में मृतकों में 42 वर्षीय दीपक और उनकी 40 वर्षीय पत्नी छाया की पहचान हो चुकी है। एक अन्य महिला की पहचान अभी नहीं हो सकी है।
पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। मृतकों के परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है। हादसे की जानकारी मिलते ही परिवारों में मातम छा गया।
नौ घायल, बच्चे भी शामिल
दुर्घटना में कार चालक समेत नौ लोग घायल हुए हैं। घायलों में बच्चे भी शामिल हैं। हादसे की सूचना मिलते ही 108 एंबुलेंस और पुलिस टीम मौके पर पहुंची।
सभी घायलों को तत्काल मुलताई के सरकारी अस्पताल पहुंचाया गया। यहां प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें नागपुर रेफर कर दिया गया।
घायलों में उपेंद्र गांधीवार (10), उज्ज्वला मोहन (45), नीता अनिल (25), अनुष्का उपेंद्र (18), संगीता एकनाथ, शंभु, नंदन, प्रज्ज्वल दीपक और वाहन चालक सौरभ चंदे (30) शामिल हैं।
नींद की झपकी बनी हादसे की वजह
पुलिस की प्रारंभिक जांच में चालक को नींद की झपकी आने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, अभी इसे हादसे का अंतिम कारण नहीं माना गया है।
पुलिस दुर्घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। यह भी देखा जा रहा है कि कार की गति कितनी थी और सड़क किनारे ट्रक किस स्थिति में खड़ा था। जांच के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
फोरलेन पर खड़े ट्रक से टकराई कार, फिर उठे सुरक्षा पर सवाल
हादसे ने एक बार फिर हाईवे पर सड़क किनारे खड़े भारी वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। तेज रफ्तार वाहनों के बीच यदि सड़क किनारे ट्रक पर्याप्त सुरक्षा संकेतों के बिना खड़ा हो तो दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है।
फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हादसे में क्षतिग्रस्त कार को सड़क से हटाकर यातायात सामान्य कराया गया।


