विंबलडन। सर्बिया के स्टार टेनिस खिलाड़ी नोवाक जोकोविच ने विंबलडन में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है। उन्होंने क्वालिफायर रोमन सफीउलिन को रोमांचक मुकाबले में हराकर ऑल इंग्लैंड क्लब में 106वीं जीत दर्ज की। इसके साथ ही जोकोविच ने रोजर फेडरर के 105 मैच जीत के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए विंबलडन इतिहास में सबसे ज्यादा पुरुष एकल मुकाबले जीतने वाले खिलाड़ी बन गए।
हालांकि, महिला और पुरुष खिलाड़ियों को मिलाकर सबसे ज्यादा विंबलडन मैच जीतने का रिकॉर्ड अब भी मार्टिना नवरातिलोवा (120 जीत) के नाम दर्ज है।
रोमांचक मुकाबले में मिली जीत
132वीं रैंकिंग वाले क्वालिफायर रोमन सफीउलिन ने जोकोविच को कड़ी टक्कर दी। मुकाबले का पहला सेट बेहद रोमांचक रहा, जिसमें जोकोविच 5-2 से पिछड़ गए थे। उन्होंने दो सेट प्वाइंट बचाते हुए मैच को टाईब्रेकर तक पहुंचाया और अंततः 7-6 (6), 6-3, 3-6, 6-3 से जीत दर्ज की।
गुस्से पर नहीं रख पाए काबू, बाद में मांगी माफी
तीसरे सेट के दौरान सर्विस गंवाने के बाद जोकोविच अपना आपा खो बैठे। कथित तौर पर अपशब्द कहने पर अंपायर ने उन्हें चेतावनी दी, जबकि सेट हारने के बाद गुस्से में गेंद दूर मारने पर दर्शकों ने हूटिंग भी की।
मैच के बाद 39 वर्षीय जोकोविच ने अपने व्यवहार पर खेद जताते हुए कहा कि वह अपनी भावनाओं पर नियंत्रण नहीं रख सके और इसके लिए उन्होंने माफी मांगी। उन्होंने बताया कि लंबी रैलियों में मुश्किल होने के कारण उन्होंने नेट पर आकर खेलने की रणनीति अपनाई, जो उनके लिए सफल साबित हुई।
17वीं बार क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह
इस जीत के साथ जोकोविच 17वीं बार विंबलडन के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं। अब उनकी नजर अपने आठवें विंबलडन खिताब पर है, जिससे वह रोजर फेडरर के रिकॉर्ड की बराबरी कर सकते हैं।
क्वार्टर फाइनल में उनका मुकाबला फेलिक्स ऑगर-अलियासिमे और एलेजांद्रो डेविडोविच फोकिना के बीच होने वाले मैच के विजेता से होगा।
जोकोविच का यह प्रदर्शन एक बार फिर साबित करता है कि उम्र केवल एक संख्या है और महान खिलाड़ी बड़े मंच पर लगातार इतिहास रचते रहते हैं।


