भोपाल। मध्य प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब पूरी तरह सक्रिय होता नजर आ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे प्रदेश के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं। इस दौरान मानसून के भोपाल और उज्जैन संभाग तक पहुंचने की संभावना है, जबकि ग्वालियर-चंबल, सागर, रीवा और शहडोल संभाग में इसकी एंट्री सबसे अंत में होगी।
मौसम विभाग ने शुक्रवार को प्रदेश के 45 जिलों में तेज बारिश, आंधी और गरज-चमक का अलर्ट जारी किया है। कई जिलों में भारी बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है।
आगर-मालवा और सीहोर में ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने आगर-मालवा और सीहोर जिले के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यहां 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और जोरदार बारिश होने की संभावना है।
इसके अलावा भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रायसेन, राजगढ़, विदिशा, देवास, शाजापुर, रतलाम, मंदसौर, नीमच, धार, झाबुआ, आलीराजपुर, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह और छतरपुर में हल्की से भारी बारिश का पूर्वानुमान है।
इन जिलों में फिलहाल रहेगा शुष्क मौसम
ग्वालियर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी और टीकमगढ़ में फिलहाल मौसम शुष्क रहने और धूप निकलने की संभावना है।
शाजापुर में सबसे ज्यादा बारिश
गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में झमाझम बारिश हुई। सबसे अधिक 51 मिमी वर्षा शाजापुर में दर्ज की गई। श्योपुर और बालाघाट में भी अच्छी बारिश रिकॉर्ड की गई। इंदौर, खंडवा, खरगोन, छिंदवाड़ा, शिवपुरी और मैहर सहित कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश हुई।
बारिश से तापमान में आई गिरावट
लगातार बारिश के कारण अधिकांश जिलों में दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। खरगोन सबसे ठंडा जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 29.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
बड़े शहरों में भोपाल का अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री, इंदौर 33.9 डिग्री, उज्जैन 33.8 डिग्री, जबलपुर 38.1 डिग्री और ग्वालियर 40.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
15 जिलों तक पहुंच चुका है मानसून
अब तक मानसून प्रदेश के 15 जिलों—आलीराजपुर, इंदौर, हरदा, धार, बैतूल, खंडवा, बुरहानपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, खरगोन, सिवनी, बालाघाट, मंडला, बड़वानी और डिंडौरी—में पहुंच चुका है। इन जिलों के कई इलाकों में चार इंच से अधिक बारिश दर्ज की गई है।
प्रदेश में अब भी सामान्य से 43% कम बारिश
एक जून से अब तक प्रदेश में औसतन 91.7 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, जबकि 52.2 मिमी वर्षा ही दर्ज हुई है। यानी मध्य प्रदेश में अभी भी 43 प्रतिशत कम बारिश हुई है। हालांकि पिछले कुछ दिनों की अच्छी बारिश से वर्षा की कमी में सुधार दर्ज किया गया है।
मौसम विभाग का कहना है कि अगले 48 घंटे में मानसून और सक्रिय होगा, जिससे प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होने की संभावना है।


