भोपाल। मध्य प्रदेश में एक बार फिर मानसून सक्रिय होने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार 4 और 5 अगस्त से प्रदेश के कई हिस्सों में भारी बारिश का नया दौर शुरू हो सकता है। वर्तमान में राजस्थान के ऊपर बने लो प्रेशर एरिया (निम्न दाब क्षेत्र) और प्रदेश के ऊपर से गुजर रही मानसून ट्रफ के कारण मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है।
फिलहाल भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और जबलपुर समेत प्रदेश के करीब 55 जिलों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार हैं। हालांकि अगले 48 घंटे तक प्रदेश में कहीं भी भारी बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
4-5 अगस्त को इन जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने 4 और 5 अगस्त को प्रदेश के उत्तर-पूर्वी हिस्सों में तेज बारिश की संभावना जताई है।
4 अगस्त को इन जिलों में अलर्ट:
छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, सीधी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर
5 अगस्त को इन जिलों में असर:
निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज
एमपी में बारिश का असमान वितरण
प्रदेश में मानसून की स्थिति अभी भी समान नहीं है। कई जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है, जबकि कुछ जिलों में बारिश का आंकड़ा बेहतर है।
कम बारिश वाले जिले:
अनूपपुर, बालाघाट, छतरपुर, छिंदवाड़ा, दमोह, डिंडौरी, जबलपुर, कटनी, मंडला, सागर, सतना, सीधी, सिंगरौली, टीकमगढ़, उमरिया, बैतूल, धार, गुना, हरदा, मंदसौर, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, उज्जैन सहित करीब 43 जिले।
ज्यादा बारिश वाले जिले:
भोपाल, शहडोल, बड़वानी, भिंड, बुरहानपुर, देवास, इंदौर, खंडवा, खरगोन, सीहोर सहित करीब 12 जिले।
जुलाई में बारिश के बाद फिर कमजोर पड़ा मानसून
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार जून में प्रदेश में करीब 14 प्रतिशत कम बारिश हुई थी। जुलाई के शुरुआती दिनों में अच्छी बारिश से स्थिति सुधरी, लेकिन इसके बाद मानसून ने दो बार ब्रेक लिया। अंतिम सप्ताह में सिस्टम सक्रिय होने के बावजूद प्रदेश में अब तक सामान्य से करीब 13 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।
मध्य प्रदेश में मानसून सीजन की सामान्य बारिश करीब 37.3 इंच है। वहीं भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर में औसत बारिश 38 से 39 इंच के बीच रहती है।
अगस्त में भोपाल और इंदौर में बारिश के रिकॉर्ड
भोपाल:
अगस्त महीना राजधानी के लिए सबसे ज्यादा बारिश वाले महीनों में शामिल है। वर्ष 2006 में अगस्त में करीब 35 इंच बारिश दर्ज की गई थी। 14 अगस्त 2006 को 24 घंटे में करीब 12 इंच बारिश का रिकॉर्ड बना था। वर्ष 2015 और 2022 में भी अगस्त में 30 इंच से ज्यादा बारिश हुई थी।
इंदौर:
इंदौर में अगस्त की सबसे ज्यादा बारिश का रिकॉर्ड वर्ष 1944 का है, जब करीब 28 इंच पानी गिरा था। 22 अगस्त 2020 को 24 घंटे में करीब 10 इंच बारिश दर्ज की गई थी।


