मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की स्पेन यात्रा के दौरान हुए एमओयू का दिखा असर
भोपाल। मध्य प्रदेश में विदेशी निवेश अब केवल समझौतों तक सीमित नहीं है, बल्कि बड़े प्रोजेक्ट तेजी से धरातल पर उतर रहे हैं। इसी क्रम में स्पेन की अग्रणी टेक्नोलॉजी कंपनी सबमर टेक्नोलॉजीज (Submer Technologies) भोपाल में करीब 2 अरब अमेरिकी डॉलर (लगभग 19 हजार करोड़ रुपये) के निवेश से अत्याधुनिक डेटा सेंटर स्थापित करेगी। यह परियोजना प्रदेश के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को नई मजबूती देने के साथ आईटी और टेक्नोलॉजी सेक्टर में रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगी।
भोपाल के हज्जामपुरा औद्योगिक क्षेत्र में बनेगा डेटा सेंटर
मध्य प्रदेश औद्योगिक विकास निगम (MPIDC) ने कंपनी को भोपाल के हज्जामपुरा औद्योगिक क्षेत्र में 60,619.30 वर्गमीटर भूमि आवंटित करने की मंजूरी दे दी है। यह जमीन 99 साल की लीज पर दी जाएगी। भूमि आवंटन की स्वीकृति 12 जुलाई 2026 को जारी की गई।
स्पेन दौरे के एमओयू का मिला परिणाम
यह निवेश मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की जुलाई 2025 की स्पेन यात्रा के दौरान हुए समझौते का प्रत्यक्ष परिणाम माना जा रहा है। बार्सिलोना में सबमर टेक्नोलॉजीज के साथ एआई आधारित 1 गीगावाट क्षमता वाले डेटा सेंटर के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर हुए थे।
राज्य सरकार का कहना है कि इस परियोजना से मध्य प्रदेश में डिजिटल इकोसिस्टम मजबूत होगा, निवेश का माहौल बेहतर बनेगा और आईटी व टेक्नोलॉजी आधारित उद्योगों को नई गति मिलेगी।
28,200 करोड़ रुपये से अधिक के विदेशी निवेश परियोजनाएं क्रियान्वयन में
राज्य सरकार के अनुसार, स्पेन, कनाडा, अमेरिका, ब्रिटेन, जापान और दक्षिण कोरिया सहित कई देशों की कंपनियों के 28,200 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश अब विभिन्न चरणों में अमल में हैं।
प्रदेश में चल रही प्रमुख विदेशी निवेश परियोजनाएं
- सबमर इंडिया (स्पेन) – 19,000 करोड़ रुपये, डेटा सेंटर, भोपाल
- मैककेन फूड्स (कनाडा) – 3,800 करोड़ रुपये, फूड प्रोसेसिंग प्लांट, आगर मालवा
- हेलियॉन/जीएसके (ब्रिटेन) – 3,000 करोड़ रुपये, फार्मास्यूटिकल्स, पीथमपुर
- टोपान स्पेशलिटी फिल्म्स (जापान) – 1,100 करोड़ रुपये, पीथमपुर
- रूपर रिन्यूएबल्स (अमेरिका) – 500 करोड़ रुपये, नर्मदापुरम
इसके अलावा दक्षिण कोरिया की बू यंग स्कॉर्प और एफीबार सहित अन्य वैश्विक कंपनियों की परियोजनाएं भी क्रियान्वयन के विभिन्न चरणों में हैं।
राज्य सरकार का दावा है कि इन निवेशों से मध्य प्रदेश में वैश्विक कंपनियों का भरोसा लगातार बढ़ रहा है और प्रदेश देश के उभरते हुए निवेश एवं डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर केंद्र के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर रहा है।
मध्यप्रदेश बनेगा GCC, डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर हब
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एमपी टेक ग्रोथ कॉन्क्लेव 3.0 में देश-विदेश की 10 प्रमुख टेक कंपनियों और उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठक कर निवेश और नई परियोजनाओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश को ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC), डेटा सेंटर और सेमीकंडक्टर निर्माण के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बनाया जाएगा। बैठक में एनवीडिया, सबमर इंडिया, न्योबोल्ट, आर्सेनल इन्फो सोल्यूशंस, फुजियामा पावर, ओसेल डिवाइसेज और जेएसएम डाटाक्रॉप सहित कई कंपनियों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, रिसर्च एंड डेवलपमेंट और डेटा सेंटर से जुड़ी निवेश योजनाएं प्रस्तुत कीं। मुख्यमंत्री ने निवेशकों को हरसंभव सहयोग का भरोसा देते हुए कहा कि उद्योगों के लिए बेहतर नीतियां, आधुनिक आधारभूत सुविधाएं और तेज मंजूरी प्रक्रिया मध्यप्रदेश को टेक निवेश का पसंदीदा गंतव्य बना रही हैं। इससे प्रदेश में बड़े पैमाने पर रोजगार और हाई-टेक उद्योगों का विस्तार होगा।


