नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के पूर्व उपमुख्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ. दिनेश शर्मा को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह का नया उपराज्यपाल नियुक्त किया गया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनकी नियुक्ति की है। नियुक्ति के बाद डॉ. शर्मा ने कहा कि नई जिम्मेदारी को पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निभाना उनकी प्राथमिकता होगी।
डॉ. दिनेश शर्मा ने कहा कि अंडमान-निकोबार देश के लिए रणनीतिक और पर्यटन की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्र है। यहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। ऐसे में प्रशासनिक जिम्मेदारी निभाते समय विकास के साथ संवेदनशीलता और सजगता भी जरूरी होगी।
उन्होंने कहा कि अंडमान-निकोबार केंद्र सरकार के गृह मंत्रालय के अधीन आता है। केंद्र सरकार के निर्णयों को प्रभावी ढंग से लागू कराने के साथ ही केंद्र के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करना उनका प्रमुख लक्ष्य रहेगा। स्थानीय लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने और क्षेत्र की व्यवस्थाओं को मजबूत करने के लिए प्रभावी नीतियों को जमीन पर उतारने का प्रयास किया जाएगा।
पर्यटन और बुनियादी सुविधाओं पर रहेगा जोर
डॉ. शर्मा ने कहा कि अंडमान-निकोबार में पर्यटन, बुनियादी ढांचे और जनसुविधाओं के क्षेत्र में विकास की व्यापक संभावनाएं हैं। उनका प्रयास रहेगा कि इन क्षेत्रों में बेहतर काम हो और स्थानीय जनता को इसका सीधा लाभ मिले। उन्होंने कहा कि नई जिम्मेदारी उनके लिए महत्वपूर्ण है और वह इसे पूरी गंभीरता के साथ निभाएंगे। नियुक्ति की खबर सामने आने के बाद डॉ. शर्मा के आवास पर बधाई देने वालों का सिलसिला शुरू हो गया। देर रात तक उन्हें लगातार शुभकामनाएं मिलती रहीं। फिलहाल डॉ. शर्मा राज्यसभा सदस्य हैं और उनका कार्यकाल नवंबर में पूरा होने वाला है। इससे पहले ही उन्हें उपराज्यपाल की जिम्मेदारी सौंप दी गई है।
2017 में बने थे उप्र के उपमुख्यमंत्री
डॉ. दिनेश शर्मा लंबे समय से सक्रिय राजनीति में हैं। वर्ष 1992 से 1998 तक वह भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष रहे। इसी दौरान उनका संपर्क नरेंद्र मोदी से हुआ था। वर्ष 2017 में उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भाजपा सरकार बनने पर उन्हें उपमुख्यमंत्री बनाया गया। वह मार्च 2022 तक इस पद पर रहे और उनके पास माध्यमिक एवं उच्च शिक्षा सहित महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी थी। उपमुख्यमंत्री बनने से पहले डॉ. शर्मा लंबे समय तक लखनऊ के महापौर रहे। वर्ष 2006 से 2017 तक उन्होंने लखनऊ नगर निगम के महापौर के रूप में काम किया। वर्ष 2023 में वह उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के लिए निर्वाचित हुए। वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में उन्हें महाराष्ट्र में भाजपा का चुनाव प्रभारी भी बनाया गया था।
अटल बिहारी वाजपेयी के चुनाव प्रबंधन से लेकर गुजरात प्रभारी तक
डॉ. दिनेश शर्मा पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के लखनऊ लोकसभा चुनाव के प्रबंधन से भी जुड़े रहे। उनके अनुसार, अटल बिहारी वाजपेयी ने ही उन्हें लखनऊ महापौर का चुनाव लडऩे के लिए प्रेरित किया था। वर्ष 2014 में उन्हें भाजपा का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया और इसी वर्ष पार्टी के सदस्यता अभियान का राष्ट्रीय संयोजक भी बनाया गया। उन्हें गुजरात का प्रभारी भी नियुक्त किया गया था। उस समय नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे।
संघ परिवार से रहा है पुराना जुड़ाव
डॉ. दिनेश शर्मा का जन्म 12 जनवरी 1964 को लखनऊ में हुआ। उनके पिता केदार नाथ शर्मा आरएसएस और जनसंघ से जुड़े रहे थे। लखनऊ विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने के बाद डॉ. शर्मा इसी विश्वविद्यालय में वाणिज्य विभाग में प्रोफेसर रहे। उन्होंने एम.कॉम और वाणिज्य में पीएचडी की है। प्रोफेसर के रूप में उन्होंने अनेक शोधार्थियों का मार्गदर्शन किया और कई पुस्तकें भी लिखीं।


