कीव। रूस ने बुधवार रात यूक्रेन की राजधानी कीव पर बड़ा मिसाइल हमला किया। हमले में कम से कम छह लोगों की मौत हो गई, जबकि 33 लोग घायल हुए हैं। राजधानी के तीन जिलों में 12 स्थानों पर नुकसान की सूचना है। कई रिहायशी इमारतों के अलावा स्कूल और मेडिकल सेंटर भी हमले की चपेट में आए हैं।
रातभर कीव में लगातार धमाकों की आवाजें सुनाई देती रहीं। यूक्रेन की आपातकालीन सेवा के अनुसार, हमले में घायल लोगों की संख्या 33 तक पहुंच गई है। गुरुवार सुबह तक राजधानी में हवाई हमले का अलर्ट जारी रहा। बचाव और राहत दल मलबे में फंसे लोगों की तलाश में जुटे रहे।
तीन जिलों में 12 स्थानों पर नुकसान
रूसी मिसाइल हमलों का असर कीव के डार्नीत्स्की, स्वियातोशिन्स्की और सोलोमियांस्की जिलों में हुआ। इन तीनों इलाकों में 12 स्थानों पर नुकसान की जानकारी सामने आई है।
कई आवासीय इमारतों के साथ एक मेडिकल सेंटर और शैक्षणिक संस्थान भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। सोलोमियांस्की जिले में एक नौ मंजिला आवासीय इमारत की ऊपरी दो मंजिलें पूरी तरह नष्ट हो गईं। इमारत के निचले हिस्सों में भी आग लग गई।
इसके अलावा दो अन्य आवासीय इमारतों और एक स्कूल के शेल्टर में लोगों के फंसे होने की सूचना मिली। इसके बाद राहत और बचाव दल ने मलबा हटाकर लोगों की तलाश शुरू की।
कीव की एयर डिफेंस पर बढ़ा दबाव
रूस की ओर से हाल के दिनों में यूक्रेन की हवाई रक्षा प्रणाली को कमजोर करने के लिए मिसाइल हमलों में तेजी देखी गई है। कीव की सुरक्षा के लिए उपलब्ध मिसाइल इंटरसेप्टर और एयर डिफेंस सिस्टम पर दबाव बढ़ रहा है।
यूक्रेन को अमेरिकी निर्मित पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम की इंटरसेप्टर मिसाइलों की सीमित उपलब्धता की चुनौती का भी सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में बड़े पैमाने पर होने वाले रूसी मिसाइल हमलों को रोकना यूक्रेन के लिए लगातार चुनौती बना हुआ है।
रूस के खिलाफ यूक्रेन ने भी तेज किए हमले
रूसी हमलों के जवाब में यूक्रेन ने भी रूस के भीतर लंबी दूरी के हमले तेज किए हैं। यूक्रेनी सेना रूसी क्षेत्र में हथियार डिपो, सैन्य ठिकानों और अन्य रणनीतिक ठिकानों को निशाना बना रही है।
यूक्रेन का कहना है कि इन हमलों का उद्देश्य रूस की सैन्य क्षमता और यूक्रेनी शहरों पर हमले करने की उसकी क्षमता को कमजोर करना है।
रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध में दोनों ओर से हमलों का सिलसिला लगातार जारी है। ताजा मिसाइल हमले ने एक बार फिर कीव में नागरिक इलाकों की सुरक्षा और यूक्रेन की एयर डिफेंस क्षमता को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


