2023 में 80.20% मतदान के मुकाबले उपचुनाव में केवल 71.44% वोटिंग, 3 अगस्त को आएंगे नतीजे
दतिया। मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव में मतदान प्रतिशत में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। वर्ष 1998 से लगातार बढ़ रहा मतदान प्रतिशत इस बार थम गया और पिछले विधानसभा चुनाव के मुकाबले करीब 9 प्रतिशत कम मतदान हुआ। वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में जहां 80.20 प्रतिशत मतदान हुआ था, वहीं उपचुनाव में यह घटकर 71.44 प्रतिशत रह गया। इससे पिछले आठ वर्षों से लगातार बढ़ते मतदान का सिलसिला टूट गया है।
1998 से लगातार बढ़ रहा था मतदान
दतिया विधानसभा क्षेत्र में पिछले ढाई दशकों से मतदान प्रतिशत लगातार बढ़ता रहा। वर्ष 1998 में जहां 63.36 प्रतिशत मतदान दर्ज हुआ था, वहीं 2008 में यह 73.31 प्रतिशत, 2013 में 75.31 प्रतिशत, 2018 में 77.20 प्रतिशत और 2023 में बढ़कर 80.20 प्रतिशत तक पहुंच गया। हालांकि उपचुनाव में यह बढ़त कायम नहीं रह सकी।
3 अगस्त को होगी मतगणना
उपचुनाव का मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। जिला प्रशासन के अनुसार विधानसभा क्षेत्र के सभी 291 मतदान केंद्रों पर सुरक्षा और आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई थीं। मतदान समाप्त होने के बाद ईवीएम और चुनाव सामग्री को कड़ी सुरक्षा के बीच स्ट्रॉन्ग रूम में सुरक्षित रख दिया गया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी स्वप्निल वानखड़े ने मतदान प्रक्रिया में सहयोग देने वाले मतदाताओं, चुनाव कर्मियों, पुलिस बल और अन्य संबंधित अधिकारियों का आभार व्यक्त किया। अब सभी की निगाहें 3 अगस्त को होने वाली मतगणना पर टिकी हैं।
क्या नरोत्तम मिश्रा फैक्टर बना वजह?
राजनीतिक विज्ञानियों का कहना है किमतदान प्रतिशत में गिरावट की सबसे बड़ी वजह उपचुनाव का होना है। उनके अनुसार उपचुनाव में आमतौर पर मतदाताओं का उत्साह सामान्य चुनाव की तुलना में कम रहता है। यह भी कहा कि दतिया में पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा का मजबूत जनाधार है। इस बार उनका टिकट कटने के बाद उनके समर्थकों और कार्यकर्ताओं में नाराजगी देखने को मिली। संभव है कि इस नाराजगी का असर मतदान प्रतिशत पर भी पड़ा हो।
पिछले चार विधानसभा चुनावों का मतदान प्रतिशत
| वर्ष | मतदान प्रतिशत |
|---|---|
| 2008 | 73.31% |
| 2013 | 75.31% |
| 2018 | 77.20% |
| 2023 | 80.20% |


