भोपाल। Bhopal Army Day Parade: राजधानी में 15 जनवरी को होने वाली आर्मी डे परेड को भव्य बनाने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। आयोजन में करीब 45 हजार दर्शकों के पहुंचने का अनुमान है। उनके बैठने, पेयजल, शौचालय, सुरक्षा और पार्किंग से लेकर यातायात प्रबंधन तक की व्यवस्था की जा रही है। परेड के साथ अपर लेक में एयर शो और टीटी नगर स्टेडियम में शौर्य संस्कृति कार्यक्रम भी होगा। मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल ने बुधवार को मंत्रालय में समीक्षा बैठक कर सभी तैयारियां तय समय-सीमा में पूरी करने के निर्देश दिए।
एक दिसंबर से रिहर्सल, सड़क सुधार की समय-सीमा तय
मुख्य आयोजन स्थल पर एक दिसंबर से रिहर्सल शुरू होगी। इससे पहले बीएचईएल क्षेत्र में कालीबाड़ी मार्ग का पुनरुद्धार और रिसर्फेसिंग तथा विद्युत लाइनों की शिफ्टिंग पूरी की जानी है। लोक निर्माण विभाग ने इन कार्यों को एक दिसंबर तक पूरा करने का भरोसा दिया है। रिहर्सल के दौरान यातायात का दबाव बढ़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासन को वैकल्पिक मार्गों की तैयारी भी करने को कहा गया है।
दर्शकों के प्रवेश से निकास तक बनेगी योजना
आयोजन में अतिविशिष्ट और विशिष्ट अतिथियों के साथ बड़ी संख्या में आम लोग शामिल होंगे। करीब 45 हजार दर्शकों के लिए बैठने की व्यवस्था की जाएगी। पेयजल, शौचालय, बैरिकेडिंग और पार्किंग के इंतजाम भी किए जा रहे हैं। अतिथियों के लिए आरक्षित स्थान, प्रवेश और निकास मार्ग तथा उनके आवागमन की व्यवस्था की समीक्षा की गई है। लोक निर्माण विभाग, नगर निगम, जिला प्रशासन और पुलिस को आपसी समन्वय से जिम्मेदारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
यातायात और सुरक्षा पर विशेष जोर
एक दिसंबर से शुरू होने वाली रिहर्सल के दौरान जरूरत के मुताबिक यातायात मार्ग बदले जा सकते हैं। मुख्य सचिव ने वैकल्पिक रास्तों की मरम्मत, आवश्यक संकेतक लगाने और यातायात परिवर्तन की जानकारी नागरिकों तक पहले से पहुंचाने के निर्देश दिए। पुलिस आयुक्त और यातायात पुलिस को तीनों आयोजनों के लिए सुरक्षा, पार्किंग और आवागमन की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया है, ताकि आयोजन के दौरान आम लोगों को कम से कम परेशानी हो।
एयर शो और शौर्य संस्कृति कार्यक्रम भी होंगे
अपर लेक में प्रस्तावित एयर शो को व्यापक स्वरूप देने के लिए सेना के अधिकारियों से समन्वय किया जाएगा। टीटी नगर स्टेडियम में होने वाले शौर्य संस्कृति कार्यक्रम में सेना के शौर्य के साथ मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक विरासत और पर्यटन पहचान प्रदर्शित करने की योजना है। इसमें सिंहस्थ के अलावा सांची, खजुराहो, भीमबेटका और ओरछा जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों को भी शामिल किया जाएगा।
बैठक में गृह विभाग और सामान्य प्रशासन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों सहित भोपाल कलेक्टर मौजूद रहे। कलेक्टर ने अब तक की तैयारियों और आगे की कार्ययोजना की जानकारी दी।


